पालघर पुलिस की नई पहल
सड़क दुर्घटनाओं में घायल लोगों को समय पर उपचार मिलने से कई अनमोल जिंदगियां बचाई जा सकती हैं। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए पालघर पुलिस ने दुर्घटना पीड़ितों तक तत्काल सहायता पहुंचाने के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की। जिसमें बताया गया कि कैसे गुड सेमेरिटन” अनुप्रयोग के जरिए सड़क हादसों में घायलों तक तुरंत मदद पहुंचाएगी पालघर पुलिस।
इस दौरान पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को दुर्घटना के बाद तुरंत राहत पहुंचाने, प्राथमिक उपचार देने और घायल को शीघ्र अस्पताल पहुंचाने की जानकारी दी गई। पालघर में आयोजित इस कार्यशाला का मार्गदर्शन पुलिस अधीक्षक यतीश देशमुख ने किया। कार्यक्रम का संचालन जिला यातायात शाखा के प्रभारी अधिकारी अनिल व्हटकर द्वारा किया गया। कार्यशाला में आपातकालीन चिकित्सा सेवा से जुड़े विशेषज्ञ चिकित्सकों ने हिस्सा लिया और पुलिस बल को दुर्घटना के समय अपनाई जाने वाली जीवनरक्षक प्रक्रियाओं की जानकारी दी।

विशेषज्ञों ने बताया कि दुर्घटना के बाद शुरुआती कुछ मिनट बेहद महत्वपूर्ण होते हैं। यदि घायल व्यक्ति को तत्काल प्राथमिक उपचार और समय पर वाहन सुविधा उपलब्ध हो जाए तो उसकी जान बचाई जा सकती है। इसी उद्देश्य से तैयार किए गए विशेष दूरभाष अनुप्रयोग की कार्यप्रणाली भी अधिकारियों और कर्मचारियों को समझाई गई।
कार्यशाला में मौजूद सभी पुलिस अधिकारी और कर्मचारियों ने अपने फोन में इस अनुप्रयोग को स्थापित कर उसके उपयोग की जानकारी प्राप्त की। कार्यक्रम में सड़क दुर्घटना नियंत्रण समिति के सदस्य, चिकित्सा सेवा दल और जिले के पत्रकार भी उपस्थित रहे। पुलिस विभाग की ओर से इस जनहितकारी पहल की जानकारी जिले के विभिन्न स्थानों पर लगाए गए प्रकाशीय प्रदर्शन पटों के माध्यम से भी प्रसारित की जा रही है, ताकि आम नागरिक भी दुर्घटना के समय तुरंत सहायता पहुंचाने में भागीदारी निभा सकें।






